दिल में प्यार का आगाज हुआ करता है

दिल में प्यार का आगाज हुआ करता है;
बातें करने का अंदाज हुआ करता है;
जब तक दिल को ठोकर नहीं लगती;
सबको अपने प्यार पर नाज हुआ करता है!!

कश्ती के मुसाफिर ने समन्दर नहीं देखा

कश्ती के मुसाफिर ने समन्दर नहीं देखा;
आँखों को देखा पर दिल मे उतर कर नहीं देखा;
पत्थर समझते है मेरे चाहने वाले मुझे;
हम तो मोम है किसी ने छूकर नहीं देखा।

Khushi Wear

रोज साहिल से समंदर का नजारा न करो

रोज साहिल से समंदर का नजारा न करो;
अपनी सूरत को शबो-रोज निहारा न करो;
आओ देखो मेरी नजरों में उतर कर खुद को;
आइना हूँ मैं तेरा मुझसे किनारा न करो।

कभी कभार ही सही, मिलने के बहाने चाहिए

कभी कभार ही सही; मिलने के बहाने चाहिए;
इस दिल को यादों के आशियाने चाहिए;
जिनसे हो जाती है ज़िन्दगी ज़न्नत मेरी;
निगाहों को बस वो ही ठिकाने चाहिए!!

दिल के सागर में लहरें उठाया ना करो

दिल के सागर में लहरें उठाया ना करो;
ख्वाब बनकर नींद चुराया न करो;
बहुत चोट लगती है मेरे दिल को;’
तुम ख़्वाबों में आ कर यु तड़पाया न करो!!

बदलना आता नहीं हमे मौसम की तरह

बदलना आता नहीं हमे “मौसम” की तरह;
हर इक रुत में तेरा “इंतज़ार” करते हैं;
ना तुम समझ सकोगे जिसे “क़यामत” तक;
कसम तुम्हारी तुम्हे हम इतना “प्यार” करते हैं!!