हमारी तन्हाइयों से भी आँख चुराते रहे

वो तो अपना दर्द रो-रो कर सुनाते रहे;
हमारी तन्हाइयों से भी आँख चुराते रहे;
हमें ही मिल गया खिताब-ए-बेवफा क्योंकि;
हम हर दर्द मुस्कुरा कर छुपाते रहे!!

इन आंखो मे आंसू आये न होते

इन आंखो मे आंसू आये न होते;
अगर वो पीछे मुडकर मुस्कुराये न होते;
उनके जाने के बाद बस यही गम रहेगा;
कि काश वो हमारी ज़िन्दगी मे आये न होते।।

दिल में प्यार का आगाज हुआ करता है

दिल में प्यार का आगाज हुआ करता है;
बातें करने का अंदाज हुआ करता है;
जब तक दिल को ठोकर नहीं लगती;
सबको अपने प्यार पर नाज हुआ करता है!!

उनकी मोहब्बत का अभी निशान बाकी हैं

उनकी मोहब्बत का अभी निशान बाकी हैं;
नाम लब पर हैं मगर जान अभी बाकी हैं;
क्या हुआ अगर देख कर मूंह फेर लेते हैं वो;
तसल्ली हैं कि अभी तक शक्ल कि पहचान बाकी हैं!!